"कक्षा कम्पयूटर की"
बड़ी मजेदार है क्लास कम्पयूटर की
याद दिलाती है हमें अपने बचपन की
गुरूजी का ब्लैक बोर्ड और चाक की
अब सफेद बोर्ड और काली चाक है
लेफ्ट-राईट डिलीट या स्पेस टाइपिंग व माऊस
लिखते हैं यू हो जाता है आई
पेंसिल ब्रश से नई पिक्चर बनाई
अब अंधेरे में नम्बर बुलेट खेलते हैं
कभी शेर थे हम अब माऊस से डरते हैं



3 Comments:
ऐसा ही होता है --
July 23, 2009 at 4:50 AM
अच्छा लिखा है !!
July 23, 2009 at 9:53 AM
कभी शेर थे हम अब माऊस से डरते हैं
Bahut khub.
July 30, 2009 at 2:05 AM
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